तुलसी पूजन- हंसगति छंद गीत – राम किशोर पाठक तुलसी है वरदान, समझने आओ। इसके गुण पहचान, इसे अपनाओ।। तुलसी[...]
रघुवर नमन- राम किशोर पाठक रघुवर नमन- राम किशोर पाठक
करता रघुवर नमन तुम्हारा। चंचल चितवन चमन हमारा।। कैसे सुलभ सहज सब पाऊँ। कैसे निषाद चरण पखारा।। करता रजकण शिला[...]
दिल्ली में -नीतू रानीदिल्ली में -नीतू रानी
मैं आई हूँ दिल्ली नगर , यहाँ चल रहा शीतलहर। हवा बहुत है चल रही, ठंड बहुत है बढ़ रही।[...]
चित्रा छंद – रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान’ चित्रा छंद – रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान’
शुभ भोर देख कर खग जागे। डाली तरुवर पर से भागे।। विश्वास ध्यान अब है भू पर। खाद्यान्न प्राण भरते[...]
बचपनबचपन
बचपन ना ही किसी की फिक्र है, ना ही किसी का जिक्र हैं, करते हरदम अपने मन की, यही उमर[...]
बाल दिवस बच्चा पार्टीबाल दिवस बच्चा पार्टी
बाल दिवस बच्चा पार्टी बाल दिवस की खूब बधाई सुन लो मेरे छोटका भाई मैडम लाई बहुत मिठाई खेल कूद[...]
कविता *बाल मनुहार*कविता *बाल मनुहार*
बाल मनुहार मां यह मुझे बता दे! आसमान क्यों है नीला कैसे उड़ लेती है चिड़ियां इस नील गगन में[...]
जड़मति-राम किशोर पाठक जड़मति-राम किशोर पाठक
समझ न पाता, मन घबराता। जड़मति हूॅं मैं, कुछ कर माता।। अगर कृपा माँ, कर कुछ दोगी। हर दुविधा को,[...]
चल रही – राम किशोर पाठक चल रही – राम किशोर पाठक
लड़खड़ाती जिंदगी यह, आज भी है चल रहीं। सामने है काल तो क्या, काल को भी खल रही।। हौसलों को[...]
रजाई- राम किशोर पाठक रजाई- राम किशोर पाठक
लिपट-लिपट मैं जिसके रहती। शीत लहर को हँसकर सहती।। संग मुझे लगता सुखदाई। क्या सखि? साजन! न सखि! रजाई।।०१।। रंग[...]
