अनुकरण से सीखना – मनु कुमारी

अनुकरण से सीखना बोलने से पहले बच्चे,आँखों से पढ़ना सीखते हैं।कहने से पहले दुनिया को,करके देखना सीखते हैं। जो देखा, वही सीखा उसने,जो पाया, वही अपनाया।जीवन की पहली पाठशाला,अनुकरण ने…

जातिवाद तो कोढ़ है – राम किशोर पाठक

जातिवाद तो कोढ़ है- दोहा छंद गीत बना दिया शासन जिसे, लाइलाज सा रोग।जातिवाद तो कोढ़ है, कहते ज्ञानी लोग।। जाति पूछते रोज हैं, नियम बद्ध हर रोज।फिर कहते यह…

जब नव वर्ष की खुशी मिली – अमरनाथ त्रिवेदी

ज़ब  नव वर्ष की खुशी मिली,बढे चलो बढे चलो ।वैर हो    कुपंथ से ,कुमार्ग  से बचे  चलो । तेजस्वी की शान  हो,मनस्वी  की संतान  हो ।सुमार्ग में न  क़ोई  अवरोध  दे ,अलग ही उसकी तान  हो । बाधाओं से न तुम…

ऋतुओं का स्कूल – आशीष अंबर

पोस्टमैन है सूरज चाचा,डाक सुबह की लाता है ।द्वारा – द्वार किरणों की पाती ,ठीक समय पहुँचाता है । चुन – चुन करती चिड़िया रानी,चुगती दाना, पीती पानी ।गीत सुनाती…

दोहे -रामकिशोर पाठक

दोहे हर्षित होकर आज हम, मना रहे गणतंत्र। भाई जैसा प्रेम हो, जन-गण-मन का मंत्र।। भारत माँ के शान में, नभ में ध्वज उल्लास। यह समृद्धि सुख शांति की, जग…

तिरंगा हमारी शान है -नीतू रानी

शीर्षक- तिरंगा हमारी शान है। दिन -सोमवार तीन रंग का मेरा झंडा कितना सुन्दर प्यारा है, इसको वीर सपूतों ने मिलकर इसे संवारा है। देखो ऊपर लहर रहा है आसमान…

26 जनवरी -नीतू रानी

विषय -छब्बीस जनवरी। शीर्षक -सखी हम झंडा फहरेबै हे। एलै छब्बीस जनवरी केअ त्योहार, सखी हम झंडा फहरेबै हे। झंडा फहरेबै गणतंत्र दिवस मनेबै , गेबै हम जन गण मन…

हमारा तिरंगा-मनु कुमारी

तीन रंगों में बंधा हुआ, भारत माँ का स्वाभिमान है। केसरिया बलिदान कहे, श्वेत शांति की पहचान है। हरित रंग में जीवन बहता, आशा का मधुर संदेश लिए, अशोक चक्र…