पद्यपंकज Uncategorized कविता क्या है -रुचिका

कविता क्या है -रुचिका



कविता क्या है

कविताएँ रूठती हैं,
मानती हैं
शिकवे और शिकायतें करतीं
कभी पुचकारती
कभी सम्भालती
कभी खुद को खुद से जोड़ती हैं।
कविताएँ जीवन का रंग-ढंग बतलाती
कभी जीना सिखलाती,
कभी टूटे दिल की उम्मीद बन जाती
कभी हिम्मत जुटाती
कभी हौसला बन जीवन से नजरें मिलाती हैं।
कविताएँ हवा हैं,
पानी हैं
रोटी हैं
दर्द में दवा भी हैं
कविताएँ जख्म में मरहम बन जाती हैं।
कविताएँ सम्वेदना हैं
प्रोत्साहन हैं
भावनाओं का प्रतिबिंब वह
एहसासों का आईना बन
दिल से दिल तक पहुँच जाती हैं।

रूचिका
प्रधान शिक्षिका
राजकीय प्राथमिक विद्यालय कुरमौली गुठनी सिवान बिहार

0 Likes
Spread the love

Leave a Reply