धरती से नाता टूटा है – रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान’ शुभ दर्शन केवल कागज पर, धरती से नाता टूटा है।[...]
Tag: Teachers of Bihar The Change Makers
पाषाण में परमात्मा – धर्मेंद्र कुमार ठाकुरपाषाण में परमात्मा – धर्मेंद्र कुमार ठाकुर
पाषाण में परमात्मा – धर्मेंद्र कुमार ठाकुर जब गोकुल पर मँडराया संकट, इंद्र का कोप अपार था, तब श्रीकृष्ण ने[...]
ध्वनि एक, अर्थ अनेक – धर्मेंद्र कुमार ठाकुरध्वनि एक, अर्थ अनेक – धर्मेंद्र कुमार ठाकुर
ध्वनि एक, अर्थ अनेक – धर्मेंद्र कुमार ठाकुर सुनने और पढ़ने में जो, लगते एक समान। पर अर्थों की दृष्टि[...]
अपना मंच, अपना सम्मान – शिवेन्द्र प्रकाश सुमनअपना मंच, अपना सम्मान – शिवेन्द्र प्रकाश सुमन
अपना मंच, अपना सम्मान – शिवेन्द्र प्रकाश सुमन दूजे मंच पर रचना छाए, चेहरे पर मुस्कान, अपने मंच पर छपे[...]
अविराम’ – धर्मेंद्र कुमार ठाकुरअविराम’ – धर्मेंद्र कुमार ठाकुर
‘अविराम’ – धर्मेंद्र कुमार ठाकुर थक चुका है यह तन, पर सांस अभी विस्मित है, हर पग पर मिल रही,[...]
काव्य-मुहावरा मंजरी – धर्मेंद्र कुमार ठाकुरकाव्य-मुहावरा मंजरी – धर्मेंद्र कुमार ठाकुर
काव्य-मुहावरा मंजरी – धर्मेंद्र कुमार ठाकुर यहाँ हिंदी के कुछ प्रसिद्ध मुहावरों और लोकोक्तियों को काव्य (कविता) के रूप में[...]
दुर्गास्वरुपिणी बिटिया रानी – बेबी अर्चनादुर्गास्वरुपिणी बिटिया रानी – बेबी अर्चना
दुर्गास्वरुपिणी बिटिया रानी – बेबी अर्चना हे दुर्गास्वरूपिणी मेरी बिटिया रानी आओ सुनाऊँ तुझे मैं एक कहानी नन्हें पाँव तेरे[...]
स्वाभिमान, सत्य और सेवा का संकल्प – कार्तिक कुमारस्वाभिमान, सत्य और सेवा का संकल्प – कार्तिक कुमार
स्वाभिमान, सत्य और सेवा का संकल्प – कार्तिक कुमार सत्य राह का पथिक हूं मैं सत्य की राह का पथिक[...]
फिर रावण जलेगा – संजीत कुमार निगमफिर रावण जलेगा – संजीत कुमार निगम
फिर रावण जलेगा – संजीत कुमार निगम आज फिर रावण जलेगा, हाँ, वही रावण, जिसे त्रेता से हर साल जलाया[...]
दशहरे का दिव्य पंछी – धर्मेंद्र कुमार ठाकुरदशहरे का दिव्य पंछी – धर्मेंद्र कुमार ठाकुर
दशहरे का दिव्य पंछी – धर्मेंद्र कुमार ठाकुर कंठ नीला, रूप सुंदर, शिव का ही वो वास है, दशहरे के[...]
