तुलसी पूजन- हंसगति छंद गीत – राम किशोर पाठक

Ram Kishore Pathak

तुलसी पूजन- हंसगति छंद गीत – राम किशोर पाठक

तुलसी है वरदान, समझने आओ।
इसके गुण पहचान, इसे अपनाओ।।

तुलसी के अब संग, जोड़ लो नाता।
औषध है हर अंग, समझ जो जाता।।
जीवन अपना धन्य, बना तुम जाओ।
इसके गुण पहचान, इसे अपनाओ।।०१।।

शमन करे कफ वात, पित को सुधारे।
रखें नियंत्रित ताप, शक्ति दे प्यारे।।
गुण है इसमें खास, सदा बतलाओ।
इसके गुण पहचान, इसे अपनाओ।।०२।।

नारायण को रास, पत्र है आते।
पूरण करती आस, पूज जो जाते।।
इसपर रख विश्वास, मोक्ष को पाओ।
इसके गुण पहचान, इसे अपनाओ।।०३।।

गीतकार:- राम किशोर पाठक
प्रधान शिक्षक
प्राथमिक विद्यालय कालीगंज उत्तर टोला, बिहटा, पटना, बिहार।
संपर्क – 9835232978

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