** क्रिकेट **
आओ खेलें खेल क्रिकेट,
बीच में गाड़ो तीन विकेट।
आपस में दो टीम बनाकर,
फील्डिंग कर लो सब सेट।
बाइस गज़ की दूरी से,
बॉल लेकर तैयार रहो।
सामने बड़े भैया भी,
बैट लिए तैयार रहो।
लगते ही जब बैट पे गेंद,
दो विकेट के बीच दौड़ो,
इसे ही कहते रन लेना,
चाहे एक लो या दो।
अगर गेंद सरपट भागे,
सीमा रेखा के पार,
क्रिकेट की भाषा में उसको,
कहते हैं चौका या चार।
अगर गेंद उड़ती जाए,
सीधे बाउंड्री पार गिरे।
उस शानदार शॉट को फिर,
सब सिक्स या छक्का कहें।
अगर बाउंड्री से पहले ही,
कैच फील्डर पकड़ ले।
या गेंद लगे स्टंप पर,
तो बल्लेबाज़ आउट हो ले।
कभी ताली तो कभी आंसू,
कभी शून्य तो कभी शतक।
कभी सूर्यवंशी का वैभव,
कभी कोहली का रूप विराट।
कभी हार तो, कभी जीत की गाथा।
खाली हाथ कभी, वर्ल्ड कप हो माथा।
यहीं क्रिकेट की कहानी है।
असल रोमांच हर पल बाकी है।
तैयब अंसारी
पद: विo शिक्षक, (1To 5)
विद्यालय: प्राo विo डेसर बुजुर्ग
प्रखण्ड + जिला – बक्सर
MOB.No- 8292597786
** क्रिकेट **
आओ खेलें खेल क्रिकेट,
बीच में गाड़ो तीन विकेट।
आपस में दो टीम बनाकर,
फील्डिंग कर लो सब सेट।
बाइस गज़ की दूरी से,
बॉल लेकर तैयार रहो।
सामने बड़े भैया भी,
बैट लिए तैयार रहो।
लगते ही जब बैट पे गेंद,
दो विकेट के बीच दौड़ो,
इसे ही कहते रन लेना,
चाहे एक लो या दो।
अगर गेंद सरपट भागे,
सीमा रेखा के पार,
क्रिकेट की भाषा में उसको,
कहते हैं चौका या चार।
अगर गेंद उड़ती जाए,
सीधे बाउंड्री पार गिरे।
उस शानदार शॉट को फिर,
सब सिक्स या छक्का कहें।
अगर बाउंड्री से पहले ही,
कैच फील्डर पकड़ ले।
या गेंद लगे स्टंप पर,
तो बल्लेबाज़ आउट हो ले।
कभी ताली तो कभी आंसू,
कभी शून्य तो कभी शतक।
कभी सूर्यवंशी का वैभव,
कभी कोहली का रूप विराट।
कभी हार तो, कभी जीत की गाथा।
खाली हाथ कभी, वर्ल्ड कप हो माथा।
यहीं क्रिकेट की कहानी है।
असल रोमांच हर पल बाकी है।
तैयब अंसारी
पद: विo शिक्षक, (1To 5)
विद्यालय: प्राo विo डेसर बुजुर्ग
प्रखण्ड + जिला – बक्सर
MOB.No- 8292597786
TAIYAB ANSARI


