गिनती गिनती किसको आती है? भूल गुड़िया क्यों जाती है? आओ गिनती गिनना सीखें, मन को क्यों भरमाती है? रोहित[...]
Author: Ram Kishor Pathak
बच्चों में संख्या ज्ञान – रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान’बच्चों में संख्या ज्ञान – रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान’
बच्चों में संख्या ज्ञान धरती में जो बीज पड़ा है। पावस पाकर भीज खड़ा है।। कर्ता बन उसको सहलाए। तभी[...]
संख्या का ज्ञान करें प्रदान – राम किशोर पाठकसंख्या का ज्ञान करें प्रदान – राम किशोर पाठक
संख्या का ज्ञान करें प्रदान- बच्चे कोरे कागज जैसे। संख्या ज्ञान कराएँ कैसे।। अंक शून्य से नौ तक रहता। संख्याओं[...]
माहवारी औरतों के लिए ईश्वरीय वरदान – नीतू रानीमाहवारी औरतों के लिए ईश्वरीय वरदान – नीतू रानी
माहवारी औरतों के लिए ईश्वरीय वरदान। माहवारी ईश्वर ने दिया औरतों को यह वरदान। जिससे हर घर में खेल रहा[...]
मैं हूॅं माहवारी – मनु कुमारीमैं हूॅं माहवारी – मनु कुमारी
मैं हूँ माहवारी! मैं हूँ ईश्वर का वरदान । मैं बढ़ाती हूँ नारी का मान।। संतान सुख का मैं राह[...]
रक्त की रेखा – अरुण कुमार तिवारीरक्त की रेखा – अरुण कुमार तिवारी
“रक्त की रेखा” हर माह वो सहती है, चुपचाप सी पीड़ा। न पेट कहे कुछ, न पीठ की धारा धीमा।[...]
पकड़े उन्हें न बीमारी – लावणी छंद गीत – राम किशोर पाठकपकड़े उन्हें न बीमारी – लावणी छंद गीत – राम किशोर पाठक
पकड़े उन्हें न बीमारी – लावणी छंद गीत आओं समझे हम नारी को, जिनकी महिमा है भारी। सृजन हमारा जिनसे[...]
बचपन में जो नहीं पिटाया- रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान’बचपन में जो नहीं पिटाया- रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान’
बचपन में जो नहीं पिटाया बचपन में जो नहीं पिटाया, उसका है इतिहास नहीं। निज घर में पिंजरबद्ध हुआ,उसका है[...]
माँ की सीख- स्रग्विणी छंद – राम किशोर पाठकमाँ की सीख- स्रग्विणी छंद – राम किशोर पाठक
स्रग्विणी छंद आधारित माँ की सीख- बाल सुलभ रोज माँ टोकती है सुधारो इसे। दोष तूने किया है निहारो इसे।।[...]
संस्कारों का संगम- सुरेश कुमार ‘गौरव’संस्कारों का संगम- सुरेश कुमार ‘गौरव’
“संस्कारों का संगम” संयुक्त कुल की छाया में, बचपन बुनता स्वप्न सुनहरे। दादी की गाथा, दादा की सीख, संस्कार बिखरें[...]
