Author: Dr Snehlata Dwivedi

Ram Kishore Pathak

राधे राधे -रामकिशोर पाठकराधे राधे -रामकिशोर पाठक

0 Comments 7:03 pm

राधे-राधे- माया छंद गीत वर्णिक २२२-२, २११-२२१-१२२ राधे-राधे, जो जन गाते रहते हैं। गोपाला को, नित्य सखा जो कहते हैं।।[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें
बिंदु अग्रवाल

मजदूर की मजबूरी बिंदु अग्रवालमजदूर की मजबूरी बिंदु अग्रवाल

0 Comments 6:56 pm

मजदूर की मजबूरी वो चल पड़ा अपने कर्म के पथ पर लिए अपने हुनर का नूर, अपने घर परिवार से[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें

बेचारा मजदूर -नीतू रानीबेचारा मजदूर -नीतू रानी

0 Comments 6:43 pm

शीर्षक – बेचारा मजदूर। * बेचारा मजदूर दिनभर करता मजदूरी, परिवार से रहता दूर,बेचारा मजदूर। कभी खेत में काम है[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें
Ram Kishore Pathak

तुम्हे देखकर अंकुरित प्रणय -रामकिशोर पाठकतुम्हे देखकर अंकुरित प्रणय -रामकिशोर पाठक

0 Comments 6:39 pm

तुम्हें देखकर अंकुरित प्रणय- गीत तुम्हें देखकर अंकुरित प्रणय। होता स्पंदित है नित्य निलय।। यौवन अंगराई आज अजब। फैलाई जुल्फें[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें
Ram Kishore Pathak

नयन कटारी -रामकिशोर पाठकनयन कटारी -रामकिशोर पाठक

0 Comments 12:12 pm

नयन कटारी- मानस छंद गीत वर्णिक १११-१२२, २११-११२ नयन कटारी, यौवन तन के। विकल निगोड़ी, पायल खनके।। मृदुल लता सी,[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें
Girindra Mohan Jha

शिव भजन -गिरींद्र मोहन झाशिव भजन -गिरींद्र मोहन झा

0 Comments 12:09 pm

शिव भजन शिव शिव हर हर जपो निरंतर । साम्ब सदाशिव शम्भो महेश्वर ।। ओं हर हर हर महादेव-2 नीलकण्ठ[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें
Ram Kishore Pathak

गर्मी -रामकिशोर पाठकगर्मी -रामकिशोर पाठक

0 Comments 8:13 pm

गर्मी- हास्य-व्यंग्य कुंडलियां गर्मी भीषण पड़ रही, सूरज हुए प्रचंड। व्याकुल सारे लोग हो, खोज रहे हैं ठंड।। खोज रहे[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें