चित्राधारित सृजन करता मैं रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान’ छंद विधाता यहाॅं कुछ लोग हैं दिखते, सुवासित कर रहे जग को।[...]
Category: padyapankaj
Through Padyapankaj, Teachers Of Bihar give you the chance to read and understand the poems and padya of Hindi literature. In addition, you can appreciate different tastes of poetry, including veer, Prem, Raudra, Karuna, etc.
मन वीणा की तुम झंकार बनो – मनु कुमारीमन वीणा की तुम झंकार बनो – मनु कुमारी
मन वीणा की तुम झंकार बनो – मनु कुमारी तुमपर तन मन दुनियां वारी, भटकी मैं प्रेम की गलियारी। सुध[...]
संसार- दोहे – राम किशोर पाठकसंसार- दोहे – राम किशोर पाठक
संसार- दोहे जैसी मन की भावना, वैसा ही संसार। अपने-अपने कर्म की, झेल रहे सब मार।।०१।। दुख को जो है[...]
वंशी बजाए नंदलाल – नीतू रानीवंशी बजाए नंदलाल – नीतू रानी
वंशी बजाए नंदलाल – नीतू रानी सब गायों के बीच में वंशी बजाए नंदलाल, एक भी नही दिख रहा वहाँ[...]
रहमत नगर की शिक्षिका – नीतू रानीरहमत नगर की शिक्षिका – नीतू रानी
रहमत नगर की शिक्षिका – नीतू रानी रहमत नगर में आई है नई पाँच शिक्षिका, बच्चों के बीच देने आई[...]
राष्ट्रीय पक्षी दिवस – मनहरण घनाक्षरी – राम किशोर पाठकराष्ट्रीय पक्षी दिवस – मनहरण घनाक्षरी – राम किशोर पाठक
राष्ट्रीय पक्षी दिवस – मनहरण घनाक्षरी – राम किशोर पाठक आया यह दिन खास, करना है अहसास, जनवरी पाँच आज,[...]
दोहे – राम किशोर पाठकदोहे – राम किशोर पाठक
दोहे सोमेश्वर सबके सखा, सहज सुलभ संसार। संकटमोचक सम सदा, सकट सतत संहार।। भ्रमित भँवर भव-भय भुवन, भजन भाव भगवंत।[...]
प्रभाती पुष्प – जैनेन्द्र प्रसाद ‘रवि’प्रभाती पुष्प – जैनेन्द्र प्रसाद ‘रवि’
प्रभाती पुष्प – जैनेन्द्र प्रसाद ‘रवि’ बाबा औघड़ दानी धतूरा के फूल गंगा जल पर रीझते हो, तभी तो औघड़[...]
पग-पग आगे बढ़ना होगा – ब्यूटी कुमारीपग-पग आगे बढ़ना होगा – ब्यूटी कुमारी
पग-पग आगे बढ़ना होगा गुरु शिखर पर चढ़ाना हो तो चट्टानों से टकराना होगा । सिंधु पार जाना हो तो[...]
सजनी अपने आप से रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान’सजनी अपने आप से रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान’
सजनी अपने आप से – रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान’ ट्रेन सवारी करके सजनी, देख रही रस्ते भर सपने। आस-पास की[...]
