नया समाज बनाना होगा – गीत आओ मिलकर हम-सब सोचे, समाधान कुछ पाना होगा। जन-जन के उत्कर्ष हेतु अब, नया[...]
रामपाल प्रसाद सिंह – वंदनवार सजे शारदारामपाल प्रसाद सिंह – वंदनवार सजे शारदा
वंदनवार सजे शारदा चतुर्थ दिन छाया शुभ जग में,कुष्मांडा तेरी जय हो। नर-नारी निर्भय नाचत है,हृदय-सिंधु पावनमय हो।। लीला तेरी[...]
चरण वंदना कुर्म: – राम किशोर पाठकचरण वंदना कुर्म: – राम किशोर पाठक
चरण वंदना कुर्म: मातृ रूपम् दृशद सर्व: मे चरण वंदना कुर्म: जगत जननी गृहे अद्य निराकारा प्रकट अद्य शरद काले[...]
जय मां कूष्मांडा -डॉ स्नेहलता द्विवेदी आर्याजय मां कूष्मांडा -डॉ स्नेहलता द्विवेदी आर्या
जय माँ कुष्मांडा🙏🌹 पुष्पों सी है मुस्कान तेरी, माँ ईषत हास्य से जग जननी। ब्रम्हाण्ड के उद्भव शान तेरी, तू[...]
मैं पिता बन गया हूँ – बिंदु अग्रवालमैं पिता बन गया हूँ – बिंदु अग्रवाल
छोड़ दी हैं मैंने सारी अठखेलियाँ क्योंकि अब मैं पिता बन गया हूँ। अब मैं पिता को नखरे नहीं दिखाता,[...]
मां चंद्रघंटा -डॉ स्नेहलता द्विवेदीमां चंद्रघंटा -डॉ स्नेहलता द्विवेदी
माँ चंद्रघंटा 🌹🙏 अनंत ज्योति जगमग दृग अंगा, स्वर्ण बदन सुवर्ण सुनंदा। शोभे अर्धचन्द्र अतिरंगा, सुयश सुवासित मातु आनंदा। दश[...]
भक्ति कैसे करेंभक्ति कैसे करें
कविता का शीर्षक:- ” मौन है” आज दुखी सब कौन है? जिसके जीवन में योग संविधान स्वर्वेद मौन है? साधना[...]
बदल देगी वक्त- रूपमाला/मदन छंद- राम किशोर पाठकबदल देगी वक्त- रूपमाला/मदन छंद- राम किशोर पाठक
सर्व मंगल कामना ले, आज सारे भक्त। आ गयी जब मात घर में, बदल देगी वक्त।। शरद का नवरात्र आया,[...]
वंदनवार -रामपाल प्रसाद सिंहवंदनवार -रामपाल प्रसाद सिंह
वंदनवार सजे शारदा प्रदीप छंद चंद्रघंटा प्रथम शैलजा स्वागत सर्वत:,ब्रह्मचारिणी नाम का। रूप तृतीया सौरभ छाया,दिव्य लोक सुरधाम का।। शक्तिपुंज[...]
छंद -रामपाल प्रसादछंद -रामपाल प्रसाद
शीतलता के बीच बहाती,रहती तू रस-धार है! नीले-नीले नभ-मंदिर से,हे माते!हो जा प्रकट, उत्कट प्रत्याशा में ॲंखियाॅं,राह तकी है एकटक।[...]
