प्रहरणकलिका छंद 1111112 1111112 सचमुच शिवरूप मगन दिखते। गतिविधि करते खिल-खिल खिलत।। तिलक चमक चंदन सम तिरते। सर[...]
विशिष्ट शिक्षकविशिष्ट शिक्षक
–चलो पेड़ लगाएं- चलो, पेड़ लगाएं। चुन्नी – मुन्नी, चुन्नू मुन्नू , का भी मन बहलाएं, चलो, पेड़ लगाएं। छोटी[...]
वो तो हैं अलबेलावो तो हैं अलबेला
मेरी माँ ‘ मैं तो अलबेला, थोरा सा भोला, मासूम, नादान, हटेला । किस्मत का मारा रहूंगा अकेला खौटा सिक्का[...]
आओ वृक्ष, लता को जानें- अमरनाथ त्रिवेदीआओ वृक्ष, लता को जानें- अमरनाथ त्रिवेदी
आओ वृक्ष, लता को जानें आओ बच्चों तुम्हे पहचान कराएँ , वृक्ष , लता आदि का ज्ञान कराएँ । इनमें[...]
हमें तरु-मित्र बनना होगा- राम किशोर पाठकहमें तरु-मित्र बनना होगा- राम किशोर पाठक
हमें तरु-मित्र बनना होगा नया सोपान गढ़ना होगा। हमें तरु-मित्र बनना होगा।। दादा के रोपें पेड़ों से, हमने है कितने[...]
गुरुत्वाकर्षण का नियम- गिरींद्र मोहन झागुरुत्वाकर्षण का नियम- गिरींद्र मोहन झा
गुरुत्वाकर्षण का नियम गुरु शब्द में ‘त्व’ प्रत्यय के योग से बना शब्द गुरुत्व, जो अपना गुरुत्व सदा कायम रखे,[...]
भोला तुम बिन न कोई सहारे – अमरनाथ त्रिवेदीभोला तुम बिन न कोई सहारे – अमरनाथ त्रिवेदी
भोला तुम बिन न कोई सहारे जग में प्रभु तेरा नाम है भोला , तुम जग के हो रखवारे। भक्त [...]
अमर रहेगा नाम तुम्हारा- प्रदीप छंद गीत – राम किशोर पाठकअमर रहेगा नाम तुम्हारा- प्रदीप छंद गीत – राम किशोर पाठक
अमर रहेगा नाम तुम्हारा- प्रदीप छंद गीत अमर रहेगा नाम तुम्हारा, ऐसा तेरा काम है। सीमा रक्षा करने वाले, तुझको[...]
बिना विचारे नहीं करें – अमरनाथ त्रिवेदीबिना विचारे नहीं करें – अमरनाथ त्रिवेदी
बिना विचारे नहीं करें बिना विचारे नहीं करें जीवन में कोई काम , ऐसा यदि नहीं किया तो होगा बुरा [...]
हरि भजे शिव शंभु महेश्वरम् – राम किशोर पाठकहरि भजे शिव शंभु महेश्वरम् – राम किशोर पाठक
हरि भजे शिव शंभु महेश्वरम् भजेऽहम् पद पंकज सुंदरम्। हरि भजे शिव शंभु महेश्वरम्।। त्रिविध ताप निवारण जायते। शरण शंभु[...]
