लक्ष्य न हो आँखों से ओझल, साहस हम दिखलाएँगे । उठते, गिरते और सँभलते, यूँ ही चलते जाएँगें । चरैवेति[...]
Day: June 24, 2026
बादल-राम किशोर पाठक बादल-राम किशोर पाठक
बदन ताप से मैं व्याकुल हूँ। उनके दर्शन को आकुल हूँ।। दर्श बिना हो जाऊँ पागल। क्या सखि! साजन? न[...]
किस कारण तुम हो चुप रहते-राम किशोर पाठक किस कारण तुम हो चुप रहते-राम किशोर पाठक
कुछ तो तुम मुझसे अब कहते। किस कारण तुम हो चुप रहते।। मन आज विकल हो धधक रहा। तुम दूर[...]
