Day: November 1, 2025

Chiteshwar Jha

अधूरे प्रेम कहानी की किताब – चित्तेश्वर झाअधूरे प्रेम कहानी की किताब – चित्तेश्वर झा

0 Comments 5:43 pm

अधूरे प्रेम कहानी की किताब : हम वो किताब हैं जिसके आखिरी पन्नों पर दिल दस्तक देती है और मांगती[...]

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Jainendra

शुभकामना संदेश – जैनेन्द्र प्रसाद ‘रवि’शुभकामना संदेश – जैनेन्द्र प्रसाद ‘रवि’

0 Comments 5:34 pm

शुभकामना संदेश मध्य विद्यालय दरबे भदौर*प्रखंड पंडारक के प्रधानाध्यापक *भाई रामपाल सिंह अनजान जी का दिनांक ३१,१०,२०२५ को विद्यालय से[...]

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Ram Kishore Pathak

संस्मरण गीत   –  राम किशोर पाठकसंस्मरण गीत   –  राम किशोर पाठक

0 Comments 5:25 pm

संस्मरण गीत   –  राम किशोर पाठक     चंद पैसों में भली वह, जिंदगी जीते हुए। आ रही है याद[...]

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दीपक- सत्येन्द्र गोविन्ददीपक- सत्येन्द्र गोविन्द

0 Comments 6:12 am

दीपक बनकर अँधियारों को हरने वाले शिक्षक हैं हर बच्चे का जीवन रौशन करने वाले शिक्षक हैं वरना तो वंचित[...]

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ashish amber

आओ मिलकर दीप जलाएं- आशीष अम्बरआओ मिलकर दीप जलाएं- आशीष अम्बर

0 Comments 6:08 am

आओ घर – घर दीप जलाएं जाति धर्म सब भूल कर, आओ जलाएं मिलकर एक दीप प्यार का, खुशियों की[...]

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मेरी पोषण वाली थाली – अवधेश कुमारमेरी पोषण वाली थाली – अवधेश कुमार

0 Comments 6:07 am

माँ ने सजाये थाली में अनोखे रंग , पोषण थाली अब करेगी कुपोषण से जंग । मोटे अनाज देंगे हमें[...]

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Mritunjay

हम शिक्षक हैं राष्ट्र निर्माता- मृत्युंजय कुमारहम शिक्षक हैं राष्ट्र निर्माता- मृत्युंजय कुमार

0 Comments 6:04 am

हम शिक्षक हैं राष्ट्र निर्माता, बच्चों के हैं भाग्य विधाता। बच्चों को देते शिक्षा,संस्कार और अनुशासन का ज्ञान, हम शिक्षक[...]

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लड्डू- रीतु प्रज्ञालड्डू- रीतु प्रज्ञा

0 Comments 6:00 am

गोल-गोल लड्डू, खूब खाता गुड्डू । खाता चार-चार, खाता बार-बार, फिर भी ललचाए, छुप कर वो खाए। गोल-गोल लड्डू, खूब[...]

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गाय हमारी संस्कृति की धरोहर- अंजू कुमारीगाय हमारी संस्कृति की धरोहर- अंजू कुमारी

0 Comments 6:00 am

गाय हमारी संस्कृति की धरोहर, गाय हमारी पालनहार। देती दूध अमृत के जैसा, भर देती घर में प्यार अपार। गाय[...]

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शंख नाद करो – डाॅ उषा किरणशंख नाद करो – डाॅ उषा किरण

0 Comments 6:00 am

उठो तुम! हुंकार भरो! अन्याय का प्रतिकार करो! भेद कर घन तिमिर को, चहुंँओर प्रकाश भरो! छवि तोड़ तुम अबला[...]

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