मैं राधा बन जाऊं – बिंदू अग्रवाल कान्हा कान्हा मैं करूँ मैं राधा बन जाऊँ, कान्हा मेरा सांवरा कान्हा संग[...]
Author: Amitesh Kumar
जन्माष्टमी की धूम – भवानंद सिंहजन्माष्टमी की धूम – भवानंद सिंह
जन्माष्टमी की धूम – भवानंद सिंह श्री कृष्ण जन्माष्टमी- का मचा हुआ है धूम, झूम रहे नर-नारी यहाॅं उत्सव हो[...]
रुक्मणी ने कहा एक दिन श्याम से – रवि कुमार तिवारीरुक्मणी ने कहा एक दिन श्याम से – रवि कुमार तिवारी
रुक्मणी ने कहा एक दिन श्याम से – रवि कुमार तिवारी रुक्मणी ने कहा एक दिन श्याम से कृष्ण क्यों[...]
हाय किस्मत रेत-की – रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान’हाय किस्मत रेत-की – रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान’
हाय किस्मत रेत-की – रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान’ भाद्रपद की अष्टमी तिथि, पक्ष काला था भला। रात आधी भवन कारा,[...]
राधा बिन कान्हा कैसे जन्म मनाएँ – उमेश कुमार सिन्हाराधा बिन कान्हा कैसे जन्म मनाएँ – उमेश कुमार सिन्हा
राधा बिन कान्हा कैसे जन्म मनाएँ – उमेश कुमार सिन्हा कृष्ण-कन्हैया का आज जन्मदिन आया है, वृंदावन सज-धजकर जगमगाया है।[...]
गुरु : एक प्रकाश-पुंज – राघवेन्द्र झागुरु : एक प्रकाश-पुंज – राघवेन्द्र झा
गुरु : एक प्रकाश-पुंज – राघवेन्द्र झा जब राहें हो जाती हों धुँधली और स्वप्न दिशाहीन तब मौन विश्वास बन[...]
मुरली की मधुर तान – रिन्जु कुमारीमुरली की मधुर तान – रिन्जु कुमारी
मुरली की मधुर तान – रिन्जु कुमारी मुरली की मधुर तान लिए, होठों पर प्यारी मुस्कान लिए। पीताम्बर की शोभा[...]
हमारे प्यारे शिक्षक – रवि कुमार तिवारीहमारे प्यारे शिक्षक – रवि कुमार तिवारी
हमारे प्यारे शिक्षक – रवि कुमार तिवारी हमारे प्यारे शिक्षक क ख ग घ हमें सिखाते, एक दो तीन की[...]
शिक्षक हैं सृजनहार – डॉ. लवकेश कुमारशिक्षक हैं सृजनहार – डॉ. लवकेश कुमार
शिक्षक हैं सृजनहार – डॉ. लवकेश कुमार शिक्षक हैं सृजनहार, समाज के कर्णधार| उनके कंँधे पर ही है, समाज का[...]
गुरु – बेबी अर्चनागुरु – बेबी अर्चना
गुरु – बेबी अर्चना आखर-आखर थी मैं बिखरी आपने ही मुझे शब्द बनाया मैं तो थी मृण-कण सी फैली गढ़[...]
