साहित्य सरोवर में, खिला अद्भुत कमल! रामधारी सिंह दिनकर। बेगुसराय के गांव सिमरिया, जहां बसे मनरूप देवी और रवि भैया,[...]
Author: Anupama Priyadarshini
रामधारी सिंह दिनकर – नीतू रानीरामधारी सिंह दिनकर – नीतू रानी
जिनके सिंहनाद से सहमी धरती है रही अभी तक डोल, ✒️ कलम आज उनकी जय बोल ✒️ कलम आज उनकी[...]
रामधारी सिंह दिनकर – कुमकुम कुमारी ‘काव्याकृति’रामधारी सिंह दिनकर – कुमकुम कुमारी ‘काव्याकृति’
माँ सरस्वती के चरणों में, झुककर मैं वन्दन करूँ। मेरी लेखनी को शक्ति दो माँ, तुमसे यही अर्चन करूँ। राष्ट्रवादी[...]
खिलना – अशोक कुमार खिलना – अशोक कुमार
टन टन टन टन, घंटी बजी । चलो चलें स्कूल, बच्चों को भेजें स्कूल। इसे ना जाना भूल -2 सुनो[...]
चहक -अशोक कुमारचहक -अशोक कुमार
चहक उठे सब बच्चे, जैसे चिड़िया चहकती। नित्य विद्यालय जाना, जैसे मन मचलता।। खेल खेल में शिक्षा, हमें आनंदित करे।[...]
स्कूल चलें – अशोक कुमारस्कूल चलें – अशोक कुमार
स्कूल चले हम स्कूल चले हम नई-नई गतिविधि करें हम स्कूल चले हम ।। सुनो रे मुन्ना सुनो रे मुनिया[...]
प्यारी सी “सोना”- मनु कुमारीप्यारी सी “सोना”- मनु कुमारी
विद्यालय चल पड़ी है प्यारी सी “सोना”…. नई सखियों का साथ होगा और, खुशियों का झरना, पढेगी खूब मन से[...]
कर्मयोगी – कुमकुम कुमारी “काव्याकृति”कर्मयोगी – कुमकुम कुमारी “काव्याकृति”
जीवन में कुछ करना है तो, मन को मारे मत बैठो। बनकर दीन–हीन ऐ बंदे, हाथ पसारे मत बैठो। माना[...]
नव निर्माण – कुमकुम कुमारीनव निर्माण – कुमकुम कुमारी
युग है यह निर्माण का, नूतन अनुसंधान का। हम भी कुछ योगदान करें, अपना चरित्र निर्माण करें। प्रकृति ने है[...]
हिन्दी दिवस -कुमारी निरुपमाहिन्दी दिवस -कुमारी निरुपमा
हिन्दी ही हमारा वतन है हिन्दी ही हमारा चमन है हिन्दी और हिन्दोस्ता बढाएं हमारी एकता। हिन्दी को हम अपनाएंगे[...]
