Category: Bhawna

सजनी अपने आप से रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान’सजनी अपने आप से रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान’

0 Comments 10:19 pm

सजनी अपने आप से –  रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान’ ट्रेन सवारी करके सजनी, देख रही रस्ते भर सपने। आस-पास की[...]

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Om prakash

रजिस्ट्रेशन के नाम पर सौदा? – ओम प्रकाशरजिस्ट्रेशन के नाम पर सौदा? – ओम प्रकाश

0 Comments 5:10 pm

रजिस्ट्रेशन के नाम पर सौदा? सम्मान के बदले भुगतान? पुरष्कार खरीद रहे हैं आप? कहाँ है आपका आत्मसम्मान? काग़ज़ी ट्रॉफियाँ,[...]

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Ram Kishore Pathak

कोहरा – उल्लाला छंद गीत – राम किशोर पाठककोहरा – उल्लाला छंद गीत – राम किशोर पाठक

0 Comments 11:40 pm

कोहरा – उल्लाला छंद गीत – राम किशोर पाठक सभी लोग हैं काँपते, सर्दी सबको खल रही। फैल गया है[...]

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नये साल कि ये नयी उम्मीदें – रवि कुमारनये साल कि ये नयी उम्मीदें – रवि कुमार

0 Comments 11:36 pm

नये साल कि ये नयी उम्मीदें – रवि कुमार नए साल में नई उमंगे, फिर से रौशनी ले आए हैं।[...]

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Ram Kishore Pathak

शहादत गीत- महा-शशिवदना छंद – राम किशोर पाठकशहादत गीत- महा-शशिवदना छंद – राम किशोर पाठक

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शहादत गीत- महा-शशिवदना छंद – राम किशोर पाठक जुल्म विरोधी हूँ, सत्य बताता हूँ। गीत शहादत का, आज सुनाता हूॅं।।[...]

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अटल तेरी कहानी – ब्यूटी कुमारीअटल तेरी कहानी – ब्यूटी कुमारी

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अटल तेरी कहानी – ब्यूटी कुमारी धरा पर चमकता सितारा अंबर से ध्रुवतारा आया । वह पत्रकार, लेखक, कवि राष्ट्र[...]

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Ram Kishore Pathak

अवध बिहारी – कुसुमविचित्रा छंद गीत – राम किशोर पाठकअवध बिहारी – कुसुमविचित्रा छंद गीत – राम किशोर पाठक

0 Comments 11:10 pm

अवध बिहारी – कुसुमविचित्रा छंद गीत – राम किशोर पाठक भव भय हारी, प्रभु अवतारी। जनहित कारी, अवध बिहारी।। जगत[...]

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Ram Kishore Pathak

तुलसी पूजन- हंसगति छंद गीत – राम किशोर पाठकतुलसी पूजन- हंसगति छंद गीत – राम किशोर पाठक

0 Comments 11:03 pm

तुलसी पूजन- हंसगति छंद गीत – राम किशोर पाठक तुलसी है वरदान, समझने आओ। इसके गुण पहचान, इसे अपनाओ।। तुलसी[...]

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Ram Kishore Pathak

हिल-मिल जाइए-राम किशोर पाठक हिल-मिल जाइए-राम किशोर पाठक 

0 Comments 7:23 pm

आज हुआ है तमस घनेरा, दीप जलाइए। फैलाकर उजियारा जग का, मित्र कहाइए।। स्वार्थ भावना को तजने से, खोते कुछ[...]

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Ram Kishore Pathak

बम शिव कहके- मधुमति छंद वर्णिक – राम किशोर पाठकबम शिव कहके- मधुमति छंद वर्णिक – राम किशोर पाठक

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बम शिव कहके- मधुमति छंद वर्णिक – राम किशोर पाठक १११-१११-२ उपवन महके। खर खग चहके।। तन-मन बहके। बम शिव[...]

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