मानवता जो जीवित मन में, उत्तम हर व्यवहार। भरा रहे मन नित खुशियों से, हर जीवों से प्यार।। सरल नहीं[...]
चैत्र पावन मास है-राम किशोर पाठकचैत्र पावन मास है-राम किशोर पाठक
चैत्र पावन मास है। माँ बता क्यों खास है।। नेह से माँ लाल को। चूम उसके भाल को।। आज है[...]
परीक्षा-नैना कुमारी परीक्षा-नैना कुमारी
खेलकूद में नहीं बिताना बच्चों अपना पूरा साल आएगा मार्च होगी परीक्षा होगा तेरा बूरा हाल गणित के प्रश्न पत्र[...]
वामन अवतार- राम किशोर पाठकवामन अवतार- राम किशोर पाठक
नारायण निज अंश से, ले वामन अवतार। हरने भूतल भार को, प्रकट हुए संसार।। गंगा तट बक्सर शुभद, सिद्धाश्रम स्थान।[...]
अहिल्याबाई होल्कर-राम किशोर पाठकअहिल्याबाई होल्कर-राम किशोर पाठक
वीरों की गाथाओं में है, एक पुराना नाम। वीरांगना अहिल्याबाई, को हम करें प्रणाम।। महाराष्ट्र साम्राज्य मराठा, चौंड़ी नामक गाँव।[...]
कृपा करो प्रदान माँ-राम किशोर पाठककृपा करो प्रदान माँ-राम किशोर पाठक
कृपा करो प्रदान माँ। मिले नया विहान माँ।। निदान भूल का करो। विकार शूल को हरो।। विचार शुद्धता भरो। प्रगाढ़[...]
अंग-अंग प्रेम रंग-राम किशोर पाठकअंग-अंग प्रेम रंग-राम किशोर पाठक
अंग-अंग प्रेम रंग। साँवरा बना विहंग।। राधिका उदास जान। छेड़ मंद-मंद तान।। सौम्य गीत प्रेम गान। कुंज ढूँढता निदान।। ध्यान[...]
गीता का संदेश -गिरीन्द्र मोहन झागीता का संदेश -गिरीन्द्र मोहन झा
श्रीकृष्ण कहते, तुझमें शक्ति है, तू परंतप, महाबाहो, महावीर है, तू पार्थ, ईश्वर का पवित्र अंश, गुडाकेश, साहसी, परम धीर[...]
कैसे आए शांति -रामकिशोर पाठककैसे आए शांति -रामकिशोर पाठक
कैसे आए शांति- सरसी छंद गीत गद्दारों की फौज खड़ी हैं, जो फैलाती भ्रांति। विकट समस्या आज जगत् की, आए[...]
बीत गया फागुन माह- रामकिशोर पाठकबीत गया फागुन माह- रामकिशोर पाठक
चैत्र- राधिका छंद गीत बीत गया फागुन माह, चैत है आया। महुआ का मादक गंध, प्रीत भर लाया।। नूतन आता[...]
