पद्यपंकज Bhawna,Jiwan parichay जीवन का सार-बेबी अर्चना

जीवन का सार-बेबी अर्चना


Bebi Archana

एक ही सार है जीवन का ,

है एक ही जीवन का मर्म ।

मिलकर संग चलेंगे गर तो,

झूमेंगे फिर ये धरा – गगन ।

बूँद-बूँद से है बनती नदियाँ ,

तिनका-तिनका बनता नीड़ ।

एक-एक फूल से बनती माला,

एकाकी हो बढ़ जाती पीर ।

प्रेम, दया संग सजाएँ उपवन ,

होगा तभी सार्थक यह जीवन 

विश्वबंधुत्व का ध्यान रखें हम,

हर्षित, पुलकित होगा हर आँगन।

आओ एकता की शक्ति दिखलाएँ,

स्वर्णिम- सा एक अध्याय बनाएँ।

तजकर राग-द्वेष संग ईर्ष्या- क्लेश,

धराधाम का कण-कण महकाएँ।

एकता करती हर दुःखों का अंत,

फैली कीर्ति उनकी दिक् दिगंत।

है राष्ट्र एकता का आधार यही 

करूँ मन समर्पित जीवनपर्यन्त।

बेबी अर्चना 

मध्य विद्यालय कुआड़ी 

प्रखंडकुर्साकांटा जिला अररिया

0 Likes
Spread the love

Leave a Reply