Category: padyapankaj

Through Padyapankaj, Teachers Of Bihar give you the chance to read and understand the poems and padya of Hindi literature. In addition, you can appreciate different tastes of poetry, including veer, Prem, Raudra, Karuna, etc.

Manu Raman Chetna

मनु के दोहे – मनु कुमारीमनु के दोहे – मनु कुमारी

0 Comments 3:14 pm

मनु के दोहे – मनु कुमारी दुर्गा है जगतारिणी, जग उनकी संतान। चाहो तुम उद्धार तो, कर माता का ध्यान।।[...]

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Bebi Archana

सिद्धिदात्री – बेबी अर्चनासिद्धिदात्री – बेबी अर्चना

0 Comments 3:11 pm

सिद्धिदात्री – बेबी अर्चना जयति जय हे सिद्धिदात्री भवानी, मम कष्ट हरो हे माँ कल्याणी। तू शक्तिस्वरूपा अति बलशाली, गौर[...]

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Dharmendra Kumar Thakur

शब्दों की महफ़िल: छंदों के संग – धर्मेंद्र कुमार ठाकुरशब्दों की महफ़िल: छंदों के संग – धर्मेंद्र कुमार ठाकुर

0 Comments 8:32 pm

शब्दों की महफ़िल: छंदों के संग – धर्मेंद्र कुमार ठाकुर शब्द-विचार: काव्य रूप में 1. सार्थक और निरर्थक शब्द वर्ण[...]

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Dharmendra Kumar Thakur

अटल विश्वास – धर्मेंद्र कुमार ठाकुरअटल विश्वास – धर्मेंद्र कुमार ठाकुर

0 Comments 8:28 pm

अटल विश्वास – धर्मेंद्र कुमार ठाकुर टूटे हैं स्वप्न कई, पर आँखों में अभी अंगार बाकी है, हालात के बंधनों[...]

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Arvind Mishra Niraj

“महागौरीति चाष्टमम” – अरविंद मिश्र “नीरज”“महागौरीति चाष्टमम” – अरविंद मिश्र “नीरज”

0 Comments 8:24 pm

“महागौरीति चाष्टमम” – अरविंद मिश्र “नीरज” सौम्य सुंदर स्वरूप मधुर मोहक अनूप, माथ चन्द्रमाक ज्योतिसँ जगमग मुकूट। महागौरी बृषभ पर[...]

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ENJAL KUMARI

नारी : सम्मान या आडंबर? – एंजल कुमारीनारी : सम्मान या आडंबर? – एंजल कुमारी

0 Comments 8:16 pm

नारी : सम्मान या आडंबर? – एंजल कुमारी मंदिर में पूजे देवी को, बाहर डालते कुदृष्टि, क्यों करते नारी का[...]

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Archna Kumari

कन्या पूजन – बेबी अर्चनाकन्या पूजन – बेबी अर्चना

0 Comments 7:59 pm

कन्या पूजन – बेबी अर्चना अष्टमी को सब करते हो कन्या पूजन बाद उसके फिर क्यों बदल जाता मन पाशविक[...]

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Arvind Mishra Niraj

“सप्तमं कालरात्रीति” – अरविंद मिश्र “नीरज”“सप्तमं कालरात्रीति” – अरविंद मिश्र “नीरज”

0 Comments 7:54 pm

“सप्तमं कालरात्रीति” – अरविंद मिश्र “नीरज” गुज गुज अन्हार सन रूप विकराल केने, मृत्युकेँ परास्त केने काल बेतहास केने। गर्धव[...]

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Rakesh Kumar

दस सिरों का रावण – राकेश कुमारदस सिरों का रावण – राकेश कुमार

0 Comments 7:49 pm

दस सिरों का रावण – राकेश कुमार दशहरा आया, शंख बजाओ, गूँजे जय-जयकार, मन के रावण को भी मारो, यही[...]

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Dharmendra Kumar Thakur

पथ और प्रत्याशा – धर्मेंद्र कुमार ठाकुरपथ और प्रत्याशा – धर्मेंद्र कुमार ठाकुर

0 Comments 7:41 pm

पथ और प्रत्याशा – धर्मेंद्र कुमार ठाकुर आयु बीत रही है निरंतर, पर जीवन की यात्रा अभी शेष है, जो[...]

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